बरेली: कलेक्ट्रेट परिसर में खड़ी एक महिला अधिकारी की कार को ट्रैफिक पुलिस द्वारा उठाए जाने का मामला सामने आया है। बताया जा रहा है कि डॉ. कृतिका की कार को ट्रैफिक पुलिसकर्मी कलेक्ट्रेट परिसर से उठाकर पुलिस लाइन ले गए। मामला डीएम अविनाश सिंह तक पहुंचने के बाद कार को वापस कलेक्ट्रेट मंगवाया गया और महिला अधिकारी को सौंप दिया गया।कार वापस मिलने के बाद डॉ. कृतिका ने मौके पर मौजूद ट्रैफिक पुलिसकर्मियों के सामने कार्रवाई को लेकर नाराजगी जताई। इस घटना के बाद कलेक्ट्रेट परिसर में वाहन पार्किंग और ट्रैफिक पुलिस की कार्रवाई को लेकर चर्चा शुरू हो गई।
DM तक पहुंचा मामला, तत्काल वापस मंगाई कार
मामले में डीएम अविनाश सिंह ने बताया कि एक महिला अपनी समस्या लेकर उनके पास आई थीं। उनकी समस्या सुनी गई और तत्काल समाधान के निर्देश दिए गए। जानकारी में आया कि उनकी कार ट्रैफिक पुलिस ले गई थी, जिसे वापस मंगवा दिया गया। इस घटना के बाद सबसे बड़ा सवाल यही है कि कलेक्ट्रेट परिसर में खड़ी कार को आखिर किस यातायात नियम के उल्लंघन में उठाया गया।
पार्किंग व्यवस्था पर भी सवाल
इस मामले में एसपी ट्रैफिक ने मीडिया से जानकारी होने से इनकार किया है। कलेक्ट्रेट जैसे महत्वपूर्ण प्रशासनिक परिसर में पार्किंग व्यवस्था लंबे समय से चुनौती बनी हुई है। यहां अधिकारियों-कर्मचारियों के साथ बड़ी संख्या में फरियादी भी पहुंचते हैं। ऐसे में पार्किंग को व्यवस्थित करने और स्पष्ट पार्किंग नियम लागू करने की जरूरत महसूस की जा रही है।
