स्टॉक का मौके पर हुआ भौतिक सत्यापन, अभिलेखों से मिलान में सब सही मिला, जमाखोरी मिलने पर होगी कार्रवाई
बरेली : चीनी के बढ़ते स्टॉक और वितरण व्यवस्था को लेकर बरेली जिला प्रशासन ने निगरानी तेज कर दी है। डीएम के निर्देश पर सोमवार को जिला पूर्ति अधिकारी और डिप्टी आरएमओ की संयुक्त टीम ने श्यामगंज स्थित मैसर्स खंडेलवाल ट्रेडर्स और मैसर्स शुगर ट्रेडर्स, चीनी वाली गली का औचक निरीक्षण किया।निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने दोनों प्रतिष्ठानों में उपलब्ध चीनी के स्टॉक का मौके पर भौतिक सत्यापन किया। इसके बाद उपलब्ध स्टॉक का संबंधित अभिलेखों और दर्ज विवरण से मिलान किया गया। प्रशासन के मुताबिक जांच में स्टॉक सही पाया गया और निरीक्षण के समय किसी तरह की अनियमितता सामने नहीं आई।
4 हजार कुंतल से अधिक स्टॉक नहीं रखने के निर्देश
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने दोनों प्रतिष्ठानों के प्रोपराइटरों को भारत सरकार और शासन की ओर से जारी दिशा-निर्देशों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए। उन्हें स्पष्ट किया गया कि किसी भी स्थिति में गोदाम में 4,000 कुंतल से अधिक चीनी का स्टॉक जमा न रखा जाए। अधिकारियों ने अनावश्यक भंडारण और जमाखोरी से पूरी तरह बचने की हिदायत भी दी। प्रशासन का कहना है कि चीनी की उपलब्धता और बाजार में उसके वितरण पर लगातार नजर रखी जा रही है, ताकि किसी भी स्तर पर कृत्रिम कमी की स्थिति न बने।
हर बिक्री और वितरण का रिकॉर्ड रखना होगा
प्रशासन ने कारोबारियों को यह भी निर्देश दिया कि चीनी का वितरण वास्तविक मांग के अनुसार और निर्धारित व्यवस्था के तहत ही किया जाए। प्रत्येक बिक्री और वितरण का पूरा विवरण संबंधित रजिस्टर में अनिवार्य रूप से दर्ज किया जाए। इससे गोदाम में मौजूद स्टॉक, बिक्री और वितरण की स्थिति की नियमित निगरानी की जा सकेगी। प्रशासन का फोकस स्टॉक की पारदर्शिता के साथ-साथ बाजार में चीनी की सुचारू उपलब्धता बनाए रखने पर है।
जमाखोरी मिली तो होगी कार्रवाई
जिला प्रशासन ने साफ किया है कि निर्धारित सीमा से अधिक चीनी का स्टॉक रखने,अनावश्यक भंडारण, जमाखोरी या निर्धारित व्यवस्था के विपरीत वितरण की शिकायत अथवा अनियमितता सामने आने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन के मुताबिक जिले में चीनी के स्टॉक और वितरण व्यवस्था की लगातार निगरानी की जा रही है। आने वाले दिनों में भी अलग -अलग प्रतिष्ठानों का नियमित और औचक निरीक्षण जारी रहेगा। यानी फिलहाल श्यामगंज के दोनों प्रतिष्ठानों की जांच में स्टॉक सही मिला है, लेकिन प्रशासन ने साफ कर दिया है कि 4 हजार कुंतल की निर्धारित सीमा से अधिक स्टॉक या जमाखोरी पर कार्रवाई तय है।
