जी. परमेश्वर बने उपमुख्यमंत्री, मंत्रिमंडल में 12 अन्य नेताओं को भी मिली जगह
बेंगलुरु : कर्नाटक में कांग्रेस सरकार के गठन के साथ डीके शिवकुमार ने बुधवार को मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। शपथ ग्रहण समारोह में उन्होंने हाथ में संविधान की प्रति लेकर पद एवं गोपनीयता की शपथ ग्रहण की। वहीं वरिष्ठ कांग्रेस नेता जी. परमेश्वर ने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली। राज्यपाल ने दोनों नेताओं को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई। समारोह में कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं, पार्टी पदाधिकारियों और बड़ी संख्या में समर्थकों की मौजूदगी रही।
मंत्रिमंडल में 12 नेताओं को भी मिली जिम्मेदारी
मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री के अलावा मंत्रिपरिषद के विस्तार के तहत 12 अन्य नेताओं को भी मंत्री पद की शपथ दिलाई गई। इनमें पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया के पुत्र डॉ. यतींद्र सिद्धारमैया भी शामिल हैं। कांग्रेस नेतृत्व ने नई सरकार के जरिए संगठन और प्रशासन दोनों में संतुलन बनाने की कोशिश की है।
विधायक दल की बैठक में चुने गए थे नेता
डीके शिवकुमार को 30 मई को बेंगलुरु में आयोजित कांग्रेस विधायक दल की बैठक में सर्वसम्मति से विधायक दल का नेता चुना गया था। पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धारमैया ने उनके नाम का प्रस्ताव रखा था, जिसे सभी विधायकों ने समर्थन दिया। इसके बाद राज्यपाल से मुलाकात कर सरकार गठन का दावा पेश किया गया और आज उन्होंने मुख्यमंत्री पद की शपथ ली।
छात्र राजनीति से शुरू हुआ था सफर
डीके शिवकुमार ने अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत 1980 के दशक में छात्र नेता के रूप में की थी। 1979 में कांग्रेस में सक्रिय भूमिका निभाने के बाद उन्होंने संगठन में अपनी पहचान बनाई। वर्ष 1985 में उन्होंने साठनूर विधानसभा सीट से पहला चुनाव लड़ा, हालांकि उन्हें हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद 1989 में मात्र 27 वर्ष की आयु में उन्होंने साठनूर सीट से जीत दर्ज कर पहली बार विधानसभा पहुंचने का गौरव हासिल किया। तब से वे लगातार कर्नाटक की राजनीति के प्रमुख चेहरों में शामिल रहे हैं।
इन नेताओं ने भी मंत्री पद की शपथ ली, नई सरकार पर रहेंगी बड़ी जिम्मेदारियां
डीके शिवकुमार के नेतृत्व में बनी नई कांग्रेस सरकार के सामने विकास, रोजगार, बुनियादी सुविधाओं के विस्तार और चुनावी वादों को पूरा करने की बड़ी चुनौती होगी। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि आने वाले दिनों में सरकार के फैसलों पर पूरे देश की नजर रहेगी।
नई सरकार में जिन नेताओं को मंत्री पद की जिम्मेदारी दी गई है, उनमें प्रमुख रूप से शामिल हैं—
- एमबी पाटिल
- रामलिंगा रेड्डी
- सतीश जारकीहोली
- कृष्णा बायरे गौड़ा
- प्रियंक खरगे
- यूटी खादर
- ईश्वर खंड्रे
- डॉ. यतींद्र सिद्धारमैया
- बायराठी सुरेश
- डॉ. शरण प्रकाश पाटिल
- केएच मुनियप्पा
- केजे जॉर्ज
