इज्जतनगर में नाले से मिले थे अवशेष, पुलिस कर्मियों की लापरवाही पर विभागीय जांच शुरू
बरेली: शहर के इज्जतनगर थाना क्षेत्र में गौवंशीय अवशेष मिलने के मामले ने अब बड़ा मोड़ ले लिया है। एक तरफ जहां पुलिस ने मुठभेड़ के दौरान तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर मामले का खुलासा किया, तो वहीं दूसरी ओर लापरवाही बरतने वाले 7 पुलिसकर्मियों पर सख्त कार्रवाई भी की गई है।
नाले में मिले गौवंश अवशेष से फैली सनसनी
21 और 22 मार्च को इज्जतनगर क्षेत्र के ग्राम फरीदापुर चौधरी के पास एक नाले में प्लास्टिक के बोरे में गौवंशीय पशुओं के अवशेष मिलने से इलाके में हड़कंप मच गया। घटना की खबर फैलते ही लोगों में नाराजगी और आक्रोश देखने को मिला। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तुरंत गौवध निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी। पशु चिकित्सक की टीम ने मौके से सैंपल लेकर जांच के लिए भेजे हैं।
SSP अनुराग आर्य का बड़ा एक्शन, 3 टीमें गठित
घटना को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी अनुराग आर्य ने आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए तीन विशेष पुलिस टीमों का गठन किया। टीमें लगातार इलाके में दबिश और तलाशी अभियान चला रही थीं।
पुलिस मुठभेड़ में 3 आरोपी गिरफ्तार
23 मार्च की रात पुलिस को एक अहम सूचना मिली, जिसके आधार पर इज्जतनगर पुलिस टीम सिद्धार्थ नगर स्थित केंद्रीय विद्यालय के पास चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान बाइक सवार तीन संदिग्ध युवक वहां पहुंचे। पुलिस द्वारा रोकने पर आरोपियों ने भागने की कोशिश की और पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। इस हमले में सिपाही राहुल कुमार घायल हो गए। आत्मरक्षा में पुलिस ने जवाबी फायरिंग की, जिसमें तीनों आरोपी घायल हो गए और मौके पर ही गिरफ्तार कर लिए गए।
गिरफ्तार आरोपी कौन हैं?
पुलिस के अनुसार पकड़े गए आरोपियों की पहचान असलम, जीशान, नासिर है। तीनों इज्जतनगर क्षेत्र के रहने वाले हैं। मुठभेड़ के दौरान इनके पैर में गोली लगी है और इन्हें इलाज के लिए अस्पताल भेजा है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 3 अवैध तमंचे, जिंदा व खोखा कारतूस,गौकशी के उपकरण एक स्प्लेंडर बाइक,2 मोबाइल फोन
बरामद किए हैं।
पहले से दर्ज थे कई मुकदमे
पुलिस के मुताबिक, तीनों आरोपी पहले से ही गौवध अधिनियम के मामलों में वांछित थे। मुख्य आरोपी असलम के खिलाफ पहले से ही गौवध और आर्म्स एक्ट के तहत करीब 5 मुकदमे दर्ज हैं। अन्य आरोपियों के आपराधिक इतिहास की जांच जारी है।
लापरवाही पर 7 पुलिसकर्मी सस्पेंड
इस पूरे मामले में शुरुआती जांच के दौरान पुलिस की लापरवाही सामने आने पर एसएसपी अनुराग आर्य ने सख्त कार्रवाई करते हुए 7 पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया। इसमें सस्पेंड उपनिरीक्षक उमेश कुमार राय, अमित कुमार, हेड कांस्टेबल मो. सलीम, पप्पूराम, मनोज कुमार, सर्वेश कुमार कांस्टेबल अरुण कुमार है।
विभागीय जांच शुरू, जिम्मेदारी तय होगी
सभी निलंबित पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय जांच बैठा दी गई है। प्रशासन ने साफ कर दिया है कि लापरवाही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। घटना के बाद पुलिस और प्रशासन ने इलाके में सतर्कता बढ़ा दी है। अधिकारियों की टीमें हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की जा रही है।
