जनवरी 2026 से पहले वेतन आयोग लागू करने की मांग, DRM ऑफिस तक गरजे रेल कर्मचारी, सरकार को दी चेतावनी
बरेली : 8वें वेतन आयोग की कार्यवाही में हो रही देरी के विरोध में सोमवार को उत्तर पूर्व रेलवे मजदूर यूनियन (नरमू) ने इज्जतनगर में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। यह प्रदर्शन ऑल इंडिया रेलवे मेंस फेडरेशन (AIRF) के आह्वान पर किया गया। नरमू के केंद्रीय अध्यक्ष बसंत चतुर्वेदी के नेतृत्व में सैकड़ों रेल कर्मचारियों ने वर्कशॉप गेट से डीआरएम कार्यालय तक रैली निकालकर सरकार के खिलाफ अपनी नाराज़गी जताई। कर्मचारियों ने इस दिन को विरोध दिवस के रूप में मनाया।
घोषणा के बाद भी कार्रवाई शून्य

नरमू के महामंत्री बसंत चतुर्वेदी ने कहा कि“8वें वेतन आयोग की घोषणा हो चुकी है और कमेटी का गठन भी कर दिया गया है, लेकिन अब तक उस पर कोई ठोस कार्यवाही शुरू नहीं हुई। अगर,यही हाल रहा तो 1 जनवरी 2026 से लागू होने वाले नए वेतनमान और भत्तों पर सीधा असर पड़ेगा।”उन्होंने कहा कि “जितनी अधिक देरी होगी, कर्मचारियों को उतना ही आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा।”
7000 रुपये की बोनस सीलिंग अन्यायपूर्ण-नरमू

नरमू के कार्यकारी अध्यक्ष वी.एन. सिंह ने बोनस व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि “रेल कर्मचारियों को बोनस उनके वास्तविक वेतन के आधार पर नहीं, बल्कि 7000 रुपये की सीलिंग पर दिया जा रहा है, जो किसी भी तरह से न्यायसंगत नहीं है।”उन्होंने स्पष्ट किया कि यूनियन की मांग है कि 8वें वेतन आयोग की कार्यवाही तत्काल शुरू की जाए जनवरी 2026 से नए वेतनमान लागू किए जाएं। बोनस का भुगतान वास्तविक वेतन के आधार पर किया जाए।
सैकड़ों कर्मचारियों की मौजूदगी, सरकार से जल्द निर्णय की मांग

प्रदर्शन में बड़ी संख्या में रेल कर्मचारी शामिल हुए। रैली के दौरान नारेबाजी कर कर्मचारियों ने सरकार से जल्द फैसला लेने की मांग की। यूनियन नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
नरमू की दो टूक चेतावनी
नरमू के केंद्रीय अध्यक्ष बसंत चतुर्वेदी ने कहा कि “रेल कर्मचारियों के हक से किसी भी तरह का समझौता बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर सरकार ने समय रहते फैसला नहीं लिया, तो देशव्यापी आंदोलन किया जाएगा।”
प्रदर्शन में ये प्रमुख पदाधिकारी रहे मौजूद
इस दौरान प्रदर्शन में प्रमुख रूप से मंडल मंत्री राम किशोर,पूर्व वर्कशॉप मंडल अध्यक्ष बृजपाल सिंह,अनुराग शुक्ला, के.के. यादव, सचिन सक्सेना,राजवीर मीणा, आबिद, बाबूलाल मीणा,राजधर शर्मा, गोविंद पोरवाल,मिहिर भट्टाचार्य, जगवीर यादव,राकेश मीणा, संतोष वर्मा, सुषमा शर्मा, मुन्नी देवी, रुखसाना, साधना पांडे, मालती नेगी,अनीता सिंह, पवन कुमार मिश्रा,मोहम्मद कमर, सुनील कुमार सहित सैकड़ों रेल कर्मचारियों ने हिस्सा लिया।
