शिकोहाबाद/लखनऊ : यूपी के फिरोजाबाद जिले के शिकोहाबाद क्षेत्र में मंगलवार को दिल दहला देने वाली घटना सामने आई। गांव नगला पोहपी में एक सूखे कुएं में मोबाइल फोन निकालने के चक्कर में चाचा और दो चचेरे भतीजों की दम घुटने से मौत हो गई। तीनों एक ही परिवार के सदस्य थे और अब उनका पूरा परिवार शोक में डूबा हुआ है।
जानें कैसे हुआ हादसा
घटना मंगलवार की है। 25 वर्षीय अजय कुमार अपने ससुर के मोबाइल से बात कर रहा था, तभी अचानक फोन उसके हाथ से छूटकर खेत के पास बने करीब 50 फीट गहरे सूखे कुएं में गिर गया। मोबाइल को निकालने के लिए सबसे पहले 22 वर्षीय ध्रुव कुमार रस्सी के सहारे कुएं में उतरा, लेकिन काफी देर तक बाहर नहीं आया। इसके बाद अजय खुद रस्सी पकड़कर नीचे उतरा, और वह भी बेहोश हो गया। स्थिति बिगड़ती देख मौके पर पहुंचे चाचा चन्द्रवीर (28 वर्ष) ने बचाने की कोशिश में खुद कुएं में उतरने का फैसला किया, परंतु वह भी ऑक्सीजन की कमी और मीथेन गैस के प्रभाव से अचेत हो गए।
चार घंटे चला रेस्क्यू ऑपरेशन
तीनों के देर तक घर न लौटने पर परिजनों ने उन्हें तलाशना शुरू किया। कुएं के पास पहुंचकर झांका तो होश उड़ गए। सूचना मिलते ही प्रशासन हरकत में आया। फिरोजाबाद, शिकोहाबाद, मक्खनपुर, मटसेना और जसराना से फायर ब्रिगेड, पुलिस और मेडिकल टीमें मौके पर पहुंचीं। फायर ब्रिगेड प्रभारी बृजेश कुमार के नेतृत्व में चार घंटे का रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया। तीनों को बाहर निकालकर संयुक्त चिकित्सालय, शिकोहाबाद ले जाया गया। यहां सीएमएस डॉ. आरसी केशव ने बताया कि परीक्षण के बाद तीनों को मृत घोषित कर दिया गया।
मीथेन गैस बना मौत का कारण
ADM विशु राजा ने बताया कि कुएं में ऑक्सीजन की कमी और मीथेन गैस के संपर्क में आने से तीनों की मौत हुई है। यह हादसा दर्शाता है कि सूखे कुओं में गैस भरने का खतरा कितना गंभीर हो सकता है। प्रशासन की ओर से मृतकों के परिजनों को दैवीय आपदा राहत कोष से 4 लाख की आर्थिक सहायता दिलाने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है। गांव में शोक की लहर फैल गई है।
