सपा प्रमुख ने गंगा एक्सप्रेसवे पर पानी भरा होने का वीडियो किया ट्वीट, बोले-भाजपाई भ्रष्टाचार की नदियां बह रहीं, पार्टी मुख्यालय में शोकसभा कर दी श्रद्धाजंलि
लखनऊ : समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और उत्तर प्रदेश विधानसभा के पूर्व नेता प्रतिपक्ष राम गोविंद चौधरी के निधन पर सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गहरा शोक जताया। 25 सितंबर की रात लखनऊ के SGPGI में उनके निधन की खबर के बाद शनिवार को अखिलेश यादव उनके निशातगंज स्थित आवास पहुंचे और पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। चौधरी आठ बार विधायक रहे और वर्ष 2017 से 2022 तक उत्तर प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष रहे।अखिलेश यादव ने कहा कि राम गोविंद चौधरी समाजवादी आंदोलन की उस पीढ़ी के नेता थे, जब समाजवाद को अपनी पहचान स्थापित करनी थी।उन्होंने कहा कि चौधरी ने अपना पूरा जीवन समाजवादी आंदोलन के लिए समर्पित किया और जयप्रकाश नारायण, चंद्रशेखर, जनेश्वर मिश्र तथा मुलायम सिंह यादव की पीढ़ी के नेताओं के साथ काम किया।
अखिलेश के मुताबिक चौधरी सड़क से सदन तक

जनसमस्याओं को प्रभावी ढंग से उठाते थे। वह गरीबों, किसानों, गांवों और कमजोर वर्गों के मुद्दों को लेकर संघर्ष करते रहे। उन्होंने कहा कि चौधरी के निधन से समाजवादी आंदोलन और समाजवादी पार्टी को बड़ी क्षति हुई है और इस दुख की घड़ी में पार्टी उनके परिवार के साथ खड़ी है। राम गोविंद चौधरी के निधन पर लखनऊ स्थित सपा प्रदेश मुख्यालय के डॉ. राममनोहर लोहिया सभागार में भी शोकसभा हुई। अखिलेश यादव ने उनके चित्र पर पुष्प अर्पित कर श्रद्धांजलि दी। पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत नेता को श्रद्धांजलि दी। शोकसभा में अखिलेश यादव ने राम गोविंद चौधरी को समाजवादी आंदोलन का महत्वपूर्ण नेता बताते हुए कहा कि उन्होंने समाजवादी मूल्यों और लोकतांत्रिक -संवैधानिक मूल्यों के लिए संघर्ष किया। उन्होंने कहा कि चौधरी की राजनीतिक यात्रा बलिया से छात्र राजनीति के रास्ते विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष तक पहुंची।
आठ बार विधायक रहे राम गोविंद चौधरी

उत्तर प्रदेश विधानसभा के रिकॉर्ड के अनुसार राम गोविंद चौधरी आठ बार विधायक रहे। उनका पहला विधानसभा चुनाव 1977 में हुआ था। उन्होंने बलिया की चिलकहर और बाद में बांसडीह विधानसभा सीट का प्रतिनिधित्व किया। वर्ष 2017 में उन्हें उत्तर प्रदेश विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष बनाया गया और 2022 तक उन्होंने यह जिम्मेदारी संभाली। वे मुलायम सिंह यादव और अखिलेश यादव के नेतृत्व वाली समाजवादी पार्टी सरकारों में मंत्री भी रहे। उनके राजनीतिक जीवन की शुरुआत छात्र राजनीति से हुई थी और वे जयप्रकाश नारायण तथा पूर्व प्रधानमंत्री चंद्रशेखर से भी जुड़े रहे।
गंगा एक्सप्रेसवे पर अखिलेश का पोस्ट
देर शाम सोशल मीडिया पर गंगा एक्सप्रेसवे पर पानी भरे वीडियो पर सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने ट्वीट किया। अपने पोस्ट में उन्होंने एक्सप्रेसवे पर पानी भरने को लेकर भाजपा सरकार पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाया और व्यंग्य करते हुए इसका नाम “गंगा एक्सप्रेस वॉटर वे” रखने की बात कही।
रिपोर्ट : मुहम्मद साजिद
