गजरौला के बनौसा गांव की घटना, ढाई बीघा धान और ढाई बीघा गन्ने की फसल खराब होने से परेशान था किसान; एसडीएम ने नुकसान के आकलन के लिए भेजी टीम
पीलीभीत: जिले के गजरौला क्षेत्र के बनौसा गांव में 34 वर्षीय किसान महेश की जहरीला पदार्थ खाने से मौत हो गई। परिजनों के मुताबिक, बेमौसम बारिश से धान की फसल खराब हो गई थी, जबकि आवारा पशुओं ने गन्ने की फसल को नुकसान पहुंचाया था। फसलों की बर्बादी और आर्थिक परेशानी के चलते महेश तनाव में था। घटना के बाद परिवार में मातम पसरा है। प्रशासन ने मामले का संज्ञान लेते हुए फसल नुकसान का आकलन कराने के निर्देश दिए हैं।
पांच बीघा जमीन पर करता था खेती
जानकारी के मुताबिक, महेश तीन भाइयों में से एक था। तीनों भाइयों के पास कुल 15 बीघा जमीन है, जिसमें महेश के हिस्से में पांच बीघा जमीन आई थी। इसी जमीन पर वह खेती करके परिवार का भरण-पोषण करता था। महेश ने अपने खेत में ढाई बीघा धान और ढाई बीघा गन्ने की फसल बोई थी। परिवार के मुताबिक, दोनों फसलों को नुकसान पहुंचने से उसकी आर्थिक स्थिति को लेकर चिंता बढ़ गई थी।
आवारा पशुओं ने गन्ने और बारिश ने धान की फसल को पहुंचाया नुकसान
ग्रामीणों के मुताबिक, गांव में आवारा पशुओं की समस्या बनी हुई है। पिछले कई दिनों से पशु खेतों में घुसकर गन्ने की फसल को नुकसान पहुंचा रहे थे। किसान अपनी फसल बचाने की कोशिश कर रहा था, तभी बेमौसम बारिश शुरू हो गई और धान की फसल भी प्रभावित हो गई। परिजनों के अनुसार, लगातार फसल खराब होने से महेश परेशान था। इसी तनाव के बीच खेत से घर लौटने के बाद उसने कमरे में जहरीला पदार्थ खा लिया।
जिला अस्पताल में डॉक्टरों ने मृत घोषित किया
महेश की हालत बिगड़ने पर परिजन उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। वहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। उसकी मौत की खबर से परिवार में कोहराम मच गया। घटना के बाद गांव में भी शोक का माहौल है। परिवार के सामने अब आजीविका और आर्थिक स्थिति को लेकर चिंता खड़ी हो गई है।
एसडीएम ने लिया संज्ञान, फसल नुकसान का आकलन शुरू
मामले की जानकारी मिलने पर एसडीएम श्रद्धा सिंह ने संज्ञान लिया और जांच के लिए तहसीलदार को मौके पर भेजा। टीम खेतों में पहुंचकर फसलों को हुए नुकसान का आकलन कर रही है। फसल नुकसान की रिपोर्ट के आधार पर नियमानुसार सहायता या मुआवजे की पात्रता पर विचार किया जा सकता है। हालांकि, परिवार को मुआवजा मिलने के संबंध में अभी अंतिम निर्णय की पुष्टि नहीं हुई है।
फसल नुकसान से परेशान किसानों की मुश्किलें फिर चर्चा में
इस घटना के बाद बेमौसम बारिश और आवारा पशुओं से फसलों को होने वाले नुकसान का मुद्दा एक बार फिर सामने आया है। खेती पर निर्भर परिवारों के लिए फसल खराब होना आर्थिक संकट बढ़ा सकता है। फिलहाल प्रशासन की टीम नुकसान का आकलन कर रही है। महेश की मौत के कारणों और घटना से जुड़े अन्य पहलुओं की पुष्टि संबंधित जांच के बाद ही हो सकेगी।
रिपोर्टर: ऋतिक द्विवेदी
