सिरौली क्षेत्र के आलमपुर कोट गांव में एएनटीएफ की छापेमारी, 4 किलो 515 ग्राम हेरोइन और बड़ी मात्रा में रसायन बरामद
बरेली : यूपी के बरेली जिले में अवैध मादक पदार्थों के निर्माण और तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स (एएनटीएफ) की बरेली ऑपरेशनल यूनिट ने कथित तौर पर हेरोइन बनाने की फैक्टरी का खुलासा किया है। सिरौली थाना क्षेत्र के आलमपुर कोट गांव में की गई कार्रवाई के दौरान टीम ने पिता-पुत्र समेत तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। मौके से 4 किलो 515 ग्राम हेरोइन, हेरोइन बनाने में इस्तेमाल होने वाले रसायन और अन्य उपकरण बरामद किए गए हैं। ANTF प्रभारी विकास यादव के मुताबिक, बरामद एसिटिक एनहाइड्राइड की अनुमानित कीमत करीब 10 करोड़ रुपये बताई गई है। कार्रवाई के बाद अब पुलिस आरोपियों से पूछताछ के आधार पर कथित अवैध कारोबार से जुड़े अन्य लोगों और मादक पदार्थों की आपूर्ति के नेटवर्क की जानकारी जुटाने में लगी है।
मुखबिर की सूचना पर कार्रवाई
यूपी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के अनुसार, टीम ने 22 अक्टूबर को सिरौली थाना क्षेत्र के ग्राम आलमपुर कोट में कार्रवाई की।टीम ने रामभरोसे के घर पर छापा मारकर तीन लोगों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में रामभरोसे, उसका बेटा वीरेश और ग्राम भुजिया निवासी बृजेश शामिल हैं। टीम को क्षेत्र में अवैध मादक पदार्थ तैयार किए जाने की सूचना मिली थी। इसके बाद कार्रवाई की गई।
साढ़े चार किलो से ज्यादा हेरोइन बरामद
छापेमारी के दौरान टीम ने कुल 4 किलो 515 ग्राम हेरोइन बरामद की। इसको निर्मित और अर्धनिर्मित मादक पदार्थ बताया गया है। इसके अलावा हेरोइन बनाने की प्रक्रिया से जुड़े रसायन और उपकरण भी मिले हैं। इस दौरान 4 किलो 515 ग्राम हेरोइन, 8 किलो 560 ग्राम सोडियम कार्बोनेट,1 किलो 694 ग्राम एसिटिक एनहाइड्राइड,एक गैस सिलेंडर,एक भगोना और दो परात,एक इलेक्ट्रॉनिक कांटा, तीन मोबाइल फोन,2,000 रुपये नकद हुए हैं। एसिटिक एनहाइड्राइड की अनुमानित कीमत करीब 10 करोड़ रुपये है। यह कीमत इसी रसायन के लिए बताई गई है।
मार्फीन से हेरोइन बनाने का आरोप
इस मामले में आरोप लगाया गया है कि घर के एक कमरे में मार्फीन से हेरोइन तैयार की जा रही थी। इसमें दर्ज पूछताछ के विवरण के मुताबिक, रामभरोसे ने कथित तौर पर बताया कि संबंधित लोग लंबे समय से अवैध मादक पदार्थों के कारोबार में शामिल थे। आरोपियों के बीच हेरोइन,मॉर्फीन और अन्य रसायनों से जुड़ी गतिविधियों की बात भी सामने आई है। हालांकि, पूछताछ में सामने आए कथनों और आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। रामभरोसे को रामनगर ब्लॉक के पूर्व ब्लॉक प्रमुख का सौतेला भाई भी बताया जा रहा है। हालांकि, एनटीएफ की तरफ से कोई जानकारी नहीं दी गई है।
पिता-पुत्र समेत तीन आरोपी गिरफ्तार
एनटीएफ के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों की पहचान रामभरोसे निवासी ग्राम आलमपुर कोट, थाना सिरौली, जिला बरेली, उनके पुत्र वीरेश बृजेश निवासी ग्राम भुजिया, थाना सिरौली, जिला बरेली के रूप में हुई है। कार्रवाई में पिता और पुत्र के साथ तीसरे आरोपी को भी गिरफ्तार किया गया है। अब पुलिस आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि कथित तौर पर तैयार किया गया मादक पदार्थ कहां भेजा जाना था और इस कारोबार में अन्य लोगों की क्या भूमिका थी।
एनडीपीएस एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज
इस मामले में थाना सिरौली में मुकदमा संख्या 355/2026 दर्ज किया गया है। आरोपियों के खिलाफ एनडीपीएस एक्ट की संबंधित धाराओं में कानूनी कार्रवाई की जा रही है। एनटीएफ की इस कार्रवाई के बाद मामले की जांच में कथित मादक पदार्थ निर्माण, रसायनों की उपलब्धता और आपूर्ति नेटवर्क से जुड़े पहलुओं की पड़ताल अहम होगी। फिलहाल, आरोपियों के विरुद्ध लगाए गए आरोपों पर अंतिम निष्कर्ष जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही निकलेगा।
