नाथ कॉरिडोर के विकास में एक और महत्वपूर्ण पहल, यातायात सुधार के साथ आकर्षक प्रकाश, हरित पट्टियों और पुष्पीय सजावट से बदलेगा चौराहे का स्वरूप
बरेली: मुख्यमंत्री के विजन के अनुरूप बरेली में नाथ कॉरिडोर के समग्र विकास की दिशा में एक और महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। बरेली विकास प्राधिकरण की ओर से सौ फीटा तिराहे को ‘शिव नाद चौक’ के रूप में विकसित करने की योजना पर काम किया जा रहा है। यह कार्य आयुक्त और जिलाधिकारी के निर्देशन एवं मार्गदर्शन में प्रस्तावित किया गया है। सौ फीटा तिराहा नाथ कॉरिडोर का महत्वपूर्ण मिलन-बिंदु है। एक ओर आदिनाथ चौक और दूसरी ओर त्रिलोकी चौक से आने वाले मार्ग यहां मिलते हैं। इसी धार्मिक और सांस्कृतिक भाव को ध्यान में रखते हुए चौराहे की केंद्रीय रोटरी पर त्रिशूल और डमरू की भव्य संयुक्त कलाकृति विकसित की जाएगी।
त्रिशूल-डमरू की कलाकृति बनेगी मुख्य आकर्षण
प्रस्तावित शिव नाद चौक की केंद्रीय रोटरी पर त्रिशूल और डमरू की भव्य कलाकृति स्थापित की जाएगी। यह कलाकृति नाथ परंपरा और भगवान शिव के नाद को प्रतीकात्मक रूप से प्रदर्शित करेगी। प्राधिकरण का उद्देश्य इस चौराहे को नाथ कॉरिडोर की विशिष्ट धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान से जोड़ना है, ताकि यहां से गुजरने वाले लोगों को बरेली की आध्यात्मिक विरासत की झलक मिल सके।
यातायात सुधार के साथ होगा चौराहे का सौंदर्यीकरण
वर्तमान में सौ फीटा तिराहे पर यातायात का दबाव रहने के कारण कई बार जाम की स्थिति बनती है। प्रस्तावित विकास योजना में यातायात को सुगम और व्यवस्थित करने के साथ चौराहे का व्यापक सौंदर्यीकरण भी किया जाएगा। चौक और आसपास के क्षेत्र में आकर्षक प्रकाश व्यवस्था, हरित पट्टियां, फूलों और मौसमी पुष्पों की सजावट, सजावटी पौधों तथा व्यवस्थित भू-दृश्य निर्माण की योजना है। दिन के समय चौक हरित और पुष्पीय सौंदर्य से आकर्षित करेगा, जबकि रात में आकर्षक प्रकाश व्यवस्था इसे अलग पहचान देगी।
सैटेलाइट से इज्जतनगर बैरियर चौकी तक मार्ग के सुधार की तैयारी
सैटेलाइट क्षेत्र से इज्जतनगर बैरियर चौकी तक मार्ग के चौड़ीकरण और यातायात सुधार की भी योजना बनाई गई है। बरेली विकास प्राधिकरण की ओर से इसका विस्तृत सर्वेक्षण और तकनीकी परीक्षण कराया गया है। प्रस्तावित विकास कार्यों का तकनीकी आकलन किया जा रहा है। इसका उद्देश्य इस मार्ग पर यातायात के दबाव को कम करने और आवागमन को अधिक व्यवस्थित बनाना है।
100 फीट लंबी विकास गाथा दीवार बनेगी
शिव नाद चौक पर करीब 100 फीट लंबी विकास गाथा दीवार भी विकसित की जाएगी। इस दीवार पर बरेली विकास प्राधिकरण की प्रमुख विकास और पर्यटन परियोजनाओं को आकर्षक ढंग से प्रदर्शित किया जाएगा। इसमें ग्रेटर बरेली योजना, रामगंगा नगर योजना, सप्त नाथ ईको सिटी योजना, कैनाल फ्रंट, जटायु पार्क सहित अन्य महत्वपूर्ण परियोजनाओं की जानकारी दिखाई जाएगी। यह विकास गाथा दीवार शहर के नागरिकों और बरेली आने वाले लोगों को जिले में चल रहे प्रमुख विकास कार्यों की एक समग्र झलक देगी।
धार्मिक विरासत और आधुनिक विकास का होगा संगम
नाथ कॉरिडोर का विकास केवल चौराहों और मार्गों के सौंदर्यीकरण तक सीमित नहीं रखा जा रहा है। इसके जरिए बेहतर यातायात व्यवस्था, स्वच्छ और सुंदर वातावरण, धार्मिक-सांस्कृतिक विरासत तथा आधुनिक विकास को एक साथ जोड़ने की योजना है। बरेली हवाई अड्डे की ओर आने वाले यात्रियों, श्रद्धालुओं, पर्यटकों और शहरवासियों को नाथ कॉरिडोर से गुजरते हुए शहर की धार्मिक पहचान के साथ विकास की नई तस्वीर दिखाई दे, इसी उद्देश्य से विभिन्न विकास कार्य प्रस्तावित किए जा रहे हैं।
बरेली की पहचान को नई ऊंचाई देने की कोशिश
बरेली विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष सौम्या पांडे ने कहा कि नाथ कॉरिडोर बरेली की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान से जुड़ा महत्वपूर्ण क्षेत्र है। प्रयास है कि विकास कार्यों के माध्यम से जनता को बेहतर यातायात सुविधा के साथ सुंदर और सुव्यवस्थित वातावरण मिले। उन्होंने कहा कि ‘शिव नाद चौक’ इसी सोच का हिस्सा है। नाथ कॉरिडोर का विकास मुख्यमंत्री के विजन के अनुरूप आयुक्त और जिलाधिकारी के निर्देशन एवं मार्गदर्शन में किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि उद्देश्य है कि विकास का लाभ सीधे जनता तक पहुंचे और बरेली आने वाला प्रत्येक व्यक्ति शहर की भव्यता, दिव्यता और विकास को महसूस कर सके।
