अररिया में यूपी में रहकर स्कूल में ऑनलाइन हाजिरी लगाने का आरोप, शिक्षिका पर जांच के आदेश
प्राथमिक विद्यालय झोवा बटुरबाड़ी की शिक्षिका पर ग्रामीणों ने लगाया आरोप, सुबह 9:50 बजे ऑनलाइन उपस्थिति के बाद 11 बजे आकस्मिक अवकाश दर्ज कराने पर उठे सवाल
अररिया: बिहार के अररिया प्रखंड स्थित प्राथमिक विद्यालय झोवा बटुरबाड़ी में शिक्षकों की ऑनलाइन उपस्थिति को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। ग्रामीणों और अभिभावकों ने विद्यालय में कार्यरत शिक्षिका पूजा सिंह पर उत्तर प्रदेश में रहते हुए अररिया के स्कूल में ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज कराने का आरोप लगाया है। मामला सामने आने के बाद ग्रामीणों में नाराजगी है। सोशल मीडिया पर आरोपों से जुड़े पोस्ट प्रसारित होने के बाद शिक्षा विभाग ने भी मामले को गंभीरता से लिया है।
शिक्षिका के अक्सर अनुपस्थित रहने का आरोप
ग्रामीणों का आरोप है कि शिक्षिका पूजा सिंह मूल रूप से उत्तर प्रदेश की रहने वाली हैं और अक्सर विद्यालय से अनुपस्थित रहती हैं। ग्रामीणों ने प्रधान शिक्षक की मिलीभगत से उनकी उपस्थिति दर्ज कराए जाने का भी आरोप लगाया है। हालांकि, इन आरोपों की अभी विभागीय जांच चल रही है। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि आरोपों में कितनी सच्चाई है।
29 अगस्त को सुबह 9:50 बजे दर्ज हुई ऑनलाइन हाजिरी
ग्रामीणों के अनुसार, 29 अगस्त को शिक्षिका विद्यालय में मौजूद नहीं थीं। इसके बावजूद ई-शिक्षा कोष पर सुबह करीब 9:50 बजे उनकी ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज की गई। उपस्थिति दर्ज होने की जानकारी मिलने के बाद ग्रामीणों और अभिभावकों ने इसका विरोध किया। इसके बाद मामले ने तूल पकड़ लिया और आरोप सोशल मीडिया पर भी प्रसारित होने लगे।
11 बजे आकस्मिक अवकाश दर्ज होने पर उठे सवाल
ग्रामीणों का कहना है कि विरोध के बाद प्रधान शिक्षक इंतेखाब आलम ने करीब 11 बजे शिक्षिका का आकस्मिक अवकाश दर्ज किया। अब ग्रामीण सवाल उठा रहे हैं कि यदि सुबह 9:50 बजे शिक्षिका की ऑनलाइन उपस्थिति दर्ज हुई थी तो महज कुछ समय बाद उनका आकस्मिक अवकाश किस आधार पर दर्ज किया गया। इसी कथित विरोधाभास को लेकर ग्रामीणों ने ऑनलाइन उपस्थिति और अवकाश दर्ज करने की पूरी प्रक्रिया की जांच कराने की मांग की है।
पोस्टर बनाकर सोशल मीडिया पर प्रसारित किया मामला
मामले से नाराज ग्रामीणों ने आरोपों से संबंधित पोस्टर तैयार किए और उन्हें सोशल मीडिया पर प्रसारित कर दिया। इसके बाद मामला तेजी से चर्चा में आया और शिक्षा विभाग के अधिकारियों तक पहुंचा। ग्रामीणों और अभिभावकों ने विद्यालय में शिक्षकों की उपस्थिति तथा ऑनलाइन हाजिरी की प्रक्रिया की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
जिला शिक्षा पदाधिकारी ने दिए जांच के आदेश
मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला शिक्षा पदाधिकारी साहेब आलम ने प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी अररिया को विद्यालय पहुंचकर जांच करने के निर्देश दिए। आदेश के बाद प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी प्रवीण कुमार ने विद्यालय का औचक निरीक्षण किया और मामले से संबंधित जानकारी जुटाई।
प्रधान शिक्षक और शिक्षिका से मांगा जाएगा स्पष्टीकरण
प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी प्रवीण कुमार ने बताया कि मामले की जांच की गई है और निरीक्षण रिपोर्ट जिला शिक्षा पदाधिकारी को सौंपी जाएगी। उन्होंने बताया कि प्रधान शिक्षक इंतेखाब आलम और शिक्षिका पूजा सिंह से स्पष्टीकरण मांगा जाएगा। जांच में यदि किसी तरह की अनियमितता सामने आती है तो संबंधित व्यक्ति के खिलाफ विभागीय नियमों के अनुसार कार्रवाई की जाएगी।
प्रधान शिक्षक ने आरोपों को बताया बेबुनियाद
वहीं, प्राथमिक विद्यालय झोवा बटुरबाड़ी के प्रधान शिक्षक इंतेखाब आलम ने ग्रामीणों के आरोपों को बेबुनियाद बताया है। उनका कहना है कि शिक्षिका पूजा सिंह कर्मठ और योग्य हैं तथा नियमित रूप से विद्यालय आती हैं। प्रधान शिक्षक ने ग्रामीणों की ओर से लगाए गए आरोपों को गलत बताया।
जांच रिपोर्ट के बाद साफ होगी पूरी तस्वीर
फिलहाल मामले में विभागीय जांच रिपोर्ट का इंतजार है। जांच के बाद ही स्पष्ट होगा कि शिक्षिका की ऑनलाइन उपस्थिति को लेकर लगाए गए आरोप सही हैं या नहीं। यदि जांच में ऑनलाइन उपस्थिति अथवा अवकाश दर्ज करने की प्रक्रिया में अनियमितता सामने आती है तो संबंधित शिक्षिका और जिम्मेदार अन्य कर्मियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है।
