बरेली : किसानों की लंबे समय से चली आ रही प्रतीक्षा आज समाप्त हो गई। कृषक सहकारी चीनी मिल सेमीखेड़ा में पेराई सत्र 2025-26 का शुभारंभ शनिवार को पूरे वैदिक विधि-विधान के साथ किया गया। कार्यक्रम में बरेली लोकसभा सीट से सांसद छत्रपाल गंगवार,विधान परिषद सदस्य बहोरन लाल मौर्य और जिलाधिकारी (डीएम) अविनाश सिंह मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहे। पिछले वर्ष यह मिल 24 नवंबर को शुरू हुई थी। मगर, इस बार पेराई सत्र समय से पहले शुरू करवाया गया है, जो किसानों के हित में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। अतिथियों ने मिल में हवन-पूजन किया, नारियल फोड़ा, परिसर स्थित मंदिर में आरती कर शुभकामनाएँ दीं। बैलों को गुड़ खिलाकर प्रतीकात्मक शुभारंभ किया।।इसके बाद मिल की मशीनरी को औपचारिक रूप से शुरू किया गया।
सम्मानित किए गए ‘पहले गन्ना लाने वाले किसान’


कार्यक्रम में सबसे पहले गन्ना लेकर पहुंचे किसानों का शाल ओढ़ाकर सम्मान, और मिठाई खिलाकर स्वागत किया। तौल टोकन जारी करके पेराई की शुरुआत की। किसानों के चेहरे इस दौरान उत्साह और राहत से भरे नजर आए। डीएम ने किसानों को मूल्य भुगतान समय से देने की बात कही। डीएम अविनाश सिंह ने किसानों से संवाद किया और स्पष्ट निर्देश दिए कि गन्ना मूल्य सरकार द्वारा निर्धारित दरों पर ही दिया जाए। भुगतान साप्ताहिक आधार पर किया जाए। किसानों की तौल में पारदर्शिता सुनिश्चित हो।।किसी भी किसान को लाइन, प्रक्रिया या परिवहन में परेशानी नहीं हो। उन्होंने मिल प्रबंधन को कहा“मिल शुरू होने के पहले ही दिन से पूरी क्षमता के साथ पेराई शुरू की जाए।” इसके साथ ही क्रय केंद्रों और ट्रांसपोर्ट व्यवस्था को पूर्ण रूप से दुरुस्त रखने को कहा।
यह दिए निर्देश

मिल प्रबंधन को तौल मशीन और संचालन व्यवस्था पर विशेष निर्देश दिए। डीएम ने मिल परिसर में वजन कांटा मशीन का निरीक्षण किया। तौल में पारदर्शिता सुनिश्चित करने को कहा। अधिकारियों को “छोटी-सी भी शिकायत पर तुरंत एक्शन” लेने का निर्देश दिया। इस दौरान जिला गन्ना अधिकारी दिलीप कुमार सैनी, मिल के प्रधान प्रबंधक किशन लाल, चीफ इंजीनियर और चीफ केमिस्ट, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रतिनिधि समेत बड़ी संख्या में गन्ना किसान मौजूद थे।
