महंगाई भत्ता और महंगाई राहत में बढ़ोतरी से 1.17 करोड़ से अधिक लाभार्थियों को फायदा मिलने का दावा, 10,016 करोड़ रुपये का वित्तीय प्रावधान
नई दिल्ली: केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए महंगाई भत्ते (डीए) और महंगाई राहत (डीआर) में तीन प्रतिशत बढ़ोतरी को केंद्रीय मंत्रिमंडल की मंजूरी मिलने की जानकारी सामने आई है। प्रधानमंत्री की अध्यक्षता में हुई बैठक में इस प्रस्ताव को स्वीकृति दी गई। दी गई जानकारी के अनुसार, बढ़ोतरी 1 जुलाई 2026 से लागू होगी और इससे लाखों कर्मचारियों तथा पेंशनभोगियों को राहत मिलने की उम्मीद है।
डीए 60 से बढ़कर 63 प्रतिशत हुआ, जानिए वेतन पर कितना असर पड़ेगा
इस बढ़ोतरी के बाद केंद्रीय कर्मचारियों का महंगाई भत्ता मूल वेतन के 60 प्रतिशत से बढ़कर 63 प्रतिशत हो जाएगा। इसी तरह, पेंशनभोगियों की महंगाई राहत भी मूल पेंशन के 60 प्रतिशत से बढ़कर 63 प्रतिशत हो जाएगी। यह फैसला सातवें केंद्रीय वेतन आयोग की सिफारिशों पर आधारित स्वीकृत व्यवस्था के तहत लिया गया है। सरकार के अनुसार, इस फैसले से लगभग 48.54 लाख केंद्रीय कर्मचारी और 68.71 लाख पेंशनभोगी, यानी कुल 1.17 करोड़ से अधिक लोग लाभान्वित होंगे। महंगाई भत्ते और महंगाई राहत में बढ़ोतरी का सालाना वित्तीय प्रभाव करीब 10,016 करोड़ रुपये होगा। कर्मचारियों के वेतन में वास्तविक बढ़ोतरी उनके मूल वेतन पर निर्भर करेगी। उदाहरण के तौर पर, यदि किसी कर्मचारी का मूल वेतन 30,000 रुपये है, तो तीन प्रतिशत अंक की वृद्धि से उसे हर महीने 900 रुपये अतिरिक्त महंगाई भत्ता मिलेगा। जुलाई से लागू होने के कारण पात्र कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को बकाया राशि भी देय हो सकती है।
कैबिनेट ने 29,267 करोड़ रुपये की योजनाओं को दी मंजूरी
महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी के अलावा, केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुनियादी ढांचे, खेल सामग्री के विनिर्माण और ग्रामीण विकास से जुड़ी योजनाओं को भी मंजूरी दी। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, इन प्रस्तावों का कुल वित्तीय परिव्यय 29,267 करोड़ रुपये है।
स्वीकृत प्रमुख योजनाएं इस प्रकार हैं:
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कंटेनर विनिर्माण प्रोत्साहन योजना: देश में कंटेनर निर्माण को बढ़ावा देने के लिए 10,000 करोड़ रुपये।
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खेलो इंडिया खेल सामग्री विनिर्माण योजना: खेल सामग्री के घरेलू उत्पादन को मजबूत करने के लिए 1,856 करोड़ रुपये।
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प्रधानमंत्री विकसित ग्राम स्वराज योजना: ग्रामीण विकास और पंचायतों के कामकाज को बेहतर बनाने के लिए 7,395 करोड़ रुपये।
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महंगाई भत्ता और महंगाई राहत: केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को राहत देने के लिए 10,016 करोड़ रुपये।
कुल मिलाकर, महंगाई भत्ते में तीन प्रतिशत अंक की बढ़ोतरी से केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को बढ़ती कीमतों के बीच आर्थिक राहत मिलने की उम्मीद है। वहीं, अन्य योजनाओं के लिए मंजूर राशि से विनिर्माण और ग्रामीण विकास को बढ़ावा देने का लक्ष्य रखा गया है।
