अमरिया तहसील के 150 बूथों की पड़ताल, चारों विधानसभा क्षेत्रों की मतदाता सूचियों की क्रॉस चेकिंग शुरू; फॉर्म-8 की 13,779 प्रविष्टियों से जुड़े रिकॉर्ड की जांच
पीलीभीत: सदर विधानसभा क्षेत्र की मतदाता सूची में कथित अनियमितताओं के मामले में प्रशासन और पुलिस ने जांच तेज कर दी है। अमरिया तहसील के 150 बूथों और पांच सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों (एईआरओ) की भूमिका की पड़ताल की जा रही है। साथ ही जिले की चारों विधानसभा सीटों की मतदाता सूचियों का आपस में मिलान कराया जा रहा है। मामले में पहले ही दो एसडीएम और एक वीआरसी ऑपरेटर के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज हो चुकी है। अब निर्वाचन कार्यों से जुड़े पांच अन्य अधिकारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में बताई जा रही है।
फॉर्म-8 की 13,779 प्रविष्टियों के मूल रिकॉर्ड नहीं मिलने का मामला
जांच में सामने आए तथ्यों के मुताबिक, ईआरओ की पहचान से जुड़ी आईडी और पासवर्ड का इस्तेमाल कर मूल आवेदनों के बिना फॉर्म-8 की 13,779 प्रविष्टियां दर्ज किए जाने का आरोप है। बताया गया है कि 31 मई से 29 अगस्त 2026 के बीच इनमें से 10,470 प्रविष्टियां स्वीकृत और 3,309 अस्वीकृत की गईं। हालांकि, इन प्रविष्टियों से संबंधित मूल रिकॉर्ड कार्यालय में नहीं मिलने की बात सामने आई है। मामले की विवेचना सदर कोतवाली के क्राइम इंस्पेक्टर सतीश कुमार कर रहे हैं। पुलिस तकनीकी और दस्तावेजी साक्ष्यों के आधार पर यह पता लगाने में जुटी है कि प्रविष्टियां किस प्रक्रिया के तहत दर्ज की गईं और संबंधित अभिलेख उपलब्ध क्यों नहीं हैं।
चार विधानसभा क्षेत्रों के आंकड़ों में अंतर से बढ़े सवाल
उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 10 अप्रैल से 21 अक्टूबर 2026 के बीच सदर विधानसभा क्षेत्र में ऑफलाइन फॉर्म-8 के 13,779 आवेदन दर्ज किए गए। इसके विपरीत बरखेड़ा, बीसलपुर और पूरनपुर विधानसभा क्षेत्रों में ऑफलाइन आवेदनों की संख्या शून्य बताई गई है। ऑनलाइन फॉर्म-8 के आंकड़ों में भी चारों क्षेत्रों के बीच अंतर दर्ज किया गया है।
| विधानसभा क्षेत्र | ऑनलाइन फॉर्म-8 के आवेदन |
|---|---|
| सदर पीलीभीत | 13,150 |
| बरखेड़ा | 1,312 |
| पूरनपुर | 3,011 |
| बीसलपुर | 3,389 |
सदर विधानसभा क्षेत्र में ऑफलाइन आवेदनों की बड़ी संख्या और अन्य तीन क्षेत्रों में शून्य आवेदन दर्ज होने के अंतर की जांच की जा रही है। इन आंकड़ों के आधार पर अपने आप किसी गड़बड़ी या आपराधिक साजिश की पुष्टि नहीं होती; इसके लिए आवेदन और संबंधित अभिलेखों का सत्यापन जरूरी है।
अमरिया तहसील के अधिकारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में
मतदाता सूची मामले की जांच अब अमरिया तहसील के 150 बूथों तक पहुंच गई है। जानकारी के मुताबिक, पांच सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारियों की भूमिका की पड़ताल की जा रही है। इसके अलावा अमरिया के तहसीलदार, ललौरीखेड़ा और अमरिया के खंड शिक्षा अधिकारियों तथा खंड विकास अधिकारियों की भूमिका को लेकर भी जांच की बात सामने आई है। निर्वाचन कार्यों की जिम्मेदारी संभाल रहे दो खंड विकास अधिकारियों समेत पांच अन्य अधिकारियों के खिलाफ आरोपों की पुष्टि होने पर कार्रवाई हो सकती है। फिलहाल, जांच जारी है और संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करने के लिए साक्ष्यों का परीक्षण किया जा रहा है। पुलिस विवेचना और प्रशासनिक जांच के नतीजों से ही स्पष्ट होगा कि कथित अनियमितताओं के लिए कौन जिम्मेदार है।
रिपोर्टर: ऋतिक द्विवेदी
