मोहनपुर निवासी वाजिद हुसैन की शिकायत पर कैंट थाने में दर्ज है मुकदमा, जाकिर हुसैन समेत तीन लोगों पर रंगदारी, मारपीट और जान से मारने की धमकी के आरोप
बरेली : शहर के कैंट थाना क्षेत्र के मोहनपुर निवासी जाकिर हुसैन उर्फ जाकिर प्रधान को पुलिस ने मंगलवार रात हिरासत में लिया।जाकिर पर 10 लाख रुपये की रंगदारी मांगने, मारपीट करने, जान से मारने की धमकी देने और तमंचे से फायर करने के आरोप में कैंट थाने में मुकदमा दर्ज है बुधवार को पुलिस उसे चिकित्सीय परीक्षण के लिए जिला अस्पताल लेकर पहुंची।
10 लाख रुपये मांगने का आरोप
यह मामला सितंबर की शुरुआत का बताया जा रहा है। मोहनपुर निवासी वाजिद हुसैन ने एसएसपी से शिकायत कर आरोप लगाया था कि जाकिर हुसैन, उसके भाई आसिफ हुसैन और आमिर हुसैन उसकी पैतृक संपत्ति, खेती, जिम और आइस फैक्ट्री पर कब्जा किए हुए हैं।शिकायत के मुताबिक, आरोपितों की ओर से घर में रहने के एवज में उससे 10 लाख रुपये की रंगदारी मांगी जा रही थी।
तमंचा दिखाकर धमकाने और फायर करने का आरोप
शिकायत में वाजिद हुसैन ने 22 अगस्त की घटना का जिक्र किया था। आरोप है कि आसिफ हुसैन ने फोन कर उसे बुलाया, जहां जाकिर कथित तौर पर तमंचा लेकर मौजूद था। वाजिद का आरोप है कि उसके साथ गाली -गलौज और मारपीट की गई तथा जाकिर ने तमंचे से फायर किया, हालांकि गोली उसे नहीं लगी। इसके बाद 10 लाख रुपये नहीं देने पर जान से मारने की धमकी देने का आरोप लगाया गया।
पत्नी से मारपीट का भी आरोप
वाजिद ने 27 अगस्त की एक अन्य घटना का भी उल्लेख किया था। उसके मुताबिक, जाकिर, आसिफ और आमिर लाठी-डंडे और तमंचे लेकर पहुंचे और धमकी देने लगे। आरोप है कि इसी दौरान जाकिर ने उसकी पत्नी असमा के कान पर घूंसा मारा, जिससे वह गिरकर बेहोश हो गई। वाजिद के अनुसार,घटना की सूचना 112 नंबर पर दी गई थी, जिसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची।
एसएसपी की शिकायत के बाद दर्ज हुआ मुकदमा
वाजिद हुसैन ने पूरे मामले की शिकायत एसएसपी अनुराग आर्य से की थी। शिकायत के बाद 7 सितंबर को कैंट थाने में जाकिर हुसैन, आसिफ हुसैन और आमिर हुसैन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई। अब मंगलवार रात पुलिस ने जाकिर हुसैन को हिरासत में लिया है। बुधवार को पुलिस उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंची, जहां उसका चिकित्सीय परीक्षण कराया गया। पुलिस मामले में दर्ज आरोपों की जांच और आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है। मामले में लगाए गए आरोपों की पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर होगी।
