वायरल वीडियो के बाद एसडीएम ने ट्रक धंसने से पिलर लुढ़कने का दावा किया, पुवायां में पन्नघाट पुल के पास सड़क धंसने से हादसे का खतरा
शाहजहांपुर: जिले में पुल निर्माण और सड़क सुरक्षा को लेकर दो अलग-अलग घटनाओं ने प्रशासन और निर्माण एजेंसियों की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक ओर जलालाबाद के कोलाघाट पुल निर्माण के दौरान भारी पिलर गिरने के मामले में प्रशासन और वायरल दावों के बीच विरोधाभास सामने आया है, तो वहीं दूसरी ओर पुवायां क्षेत्र में गोमती नदी के पन्नघाट पुल के पास एप्रोच रोड धंसने से लोगों में दुर्घटना की आशंका बढ़ गई है।
वायरल वीडियो के बाद आधी रात को जांच
जलालाबाद के कोलाघाट पुल निर्माण स्थल का वीडियो बुधवार रात सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद प्रशासनिक अधिकारियों ने देर रात मौके का निरीक्षण किया। एसडीएम प्रभात राय ने बताया कि वीडियो में दिखाई दे रहा लगभग 40 मीटर लंबा पिलर पुल से नीचे नहीं गिरा था, बल्कि उसे ट्रक के जरिए पुल पर स्थापित करने के लिए ले जाया जा रहा था। इसी दौरान गीली मिट्टी में ट्रक का पहिया धंस गया। इससे भारी पिलर संतुलन बिगड़ने के बाद लुढ़ककर क्रेन के पहियों और ट्रक के अगले हिस्से पर आ गिरा। हादसे में ट्रक और क्रेन क्षतिग्रस्त हुए, जबकि प्रशासन के अनुसार किसी मजदूर के घायल होने की पुष्टि नहीं हुई है। एसडीएम ने बताया कि निर्माण कार्य फिलहाल रोक दिया गया है और नई मशीनें आने के बाद दोबारा शुरू किया जाएगा।
बिना हस्ताक्षर वाले पत्र से बढ़ा विवाद

इस घटना के बाद सेतु निगम की ओर से एक पत्र जारी किया गया। इसमें कहा गया कि हाइड्रोलिक टैंक फटने के कारण गर्डर को नहीं उठाया जा सका। हालांकि, पत्र पर न किसी अधिकारी के हस्ताक्षर हैं और न ही विभाग की मुहर। इससे उसकी प्रामाणिकता पर सवाल उठ रहे हैं। पत्र में यह भी कहा गया कि हादसे में कोई जनहानि नहीं हुई।
वायरल दावे और पुराने आरोप भी चर्चा में
सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर प्रसारित कुछ दावों में ठेकेदार की लापरवाही और मजदूरों के घायल होने की बात कही जा रही है। वहीं प्रशासन ने इन दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। जिला प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है। गौरतलब है कि छह जुलाई को हुई इस घटना का वीडियो कई दिन बाद सामने आया, जबकि शुरुआती दिनों में अधिकारियों द्वारा ऐसी किसी घटना से इनकार किया गया था।
फर्जी कागजों से तैयार फर्म के ठेका लेने का आरोप
इसी पुल निर्माण के ठेके को लेकर पहले भी फर्जी दस्तावेजों के आधार पर ठेका लेने के आरोप लगाए गए थे। इस संबंध में जलालाबाद के भाजपा विधायक हरिप्रकाश वर्मा द्वारा शिकायत के बाद गृह विभाग स्तर पर जांच कराए जाने की बात सामने आई थी, लेकिन उसकी रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की गई है।विधायक का शिकायती पत्र भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
पन्नघाट पुल के पास धंसी एप्रोच रोड


इधर पुवायां क्षेत्र में जेबां-महमूदपुर सैंजनिया मार्ग पर गोमती नदी के पन्नघाट पुल के पास एप्रोच रोड का हिस्सा धंस गया है। सड़क धंसने से वाहन चालकों के लिए दुर्घटना का खतरा बढ़ गया है। स्थानीय लोगों ने गड्ढे के पास ईंटें रखकर राहगीरों को सतर्क किया। ग्रामीणों का कहना है कि हर वर्ष बारिश के दौरान रेतीली मिट्टी के कटाव से सड़क प्रभावित होती है और अधिक बारिश होने पर आवागमन तक बंद हो जाता है। लोगों ने कटाव रोकने के लिए स्थायी सुरक्षा दीवार और अन्य उपाय करने की मांग की है।
पीडब्ल्यूडी का पक्ष
पीडब्ल्यूडी प्रांतीय खंड के अधीक्षण अभियंता महेंद्र पाल ने मीडिया को बताया कि बारिश से सड़क नहीं धंसी है, बल्कि पुल की पटरी कटी है। संबंधित जूनियर इंजीनियर को तत्काल मरम्मत के निर्देश दिए गए हैं और जल्द ही मार्ग को सुरक्षित कर दिया जाएगा।
