Form-7 रद्द कर, सिर्फ Form-6 लागू करने की मांग,
लखनऊ : देशभर में मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर सियासी तापमान लगातार बढ़ता जा रहा है। पश्चिम बंगाल में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बाद अब उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने चुनाव आयोग और भारतीय जनता पार्टी पर बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। अखिलेश यादव का दावा है कि Form-7 के ज़रिये योजनाबद्ध तरीके से वोट काटे जा रहे हैं, और खासतौर पर उन बूथों को निशाना बनाया जा रहा है, जहां समाजवादी पार्टी ने जीत दर्ज की थी।
Form-7 प्रिंट कराकर भेजे जा रहे, कई जगह हंगामा

एसपी चीफ अखिलेश यादव ने कहा कि “Form-7 प्रिंट कराकर भेजे जा रहे हैं, कई जगहों पर हंगामा हुआ है। भारतीय जनता पार्टी चुनाव आयोग से मिलकर गड़बड़ियां कर रही है।”उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने प्रोफेशनल एजेंसियां तैनात कर रखी हैं, जो कंप्यूटर डेटा के ज़रिये यह पहचान कर रही हैं कि किन मतदान केंद्रों पर सपा को ज़्यादा वोट मिले थे। उन्हीं बूथों पर बड़े पैमाने पर Form-7 भरवाकर मतदाताओं के नाम हटाने की कोशिश की जा रही है।
बिहार में SIR से चुनाव जीता, अब बंगाल और यूपी की बारी
सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि “SIR के माध्यम से भारतीय जनता पार्टी ने बिहार का चुनाव जीत लिया, अब यही कोशिश बंगाल और उत्तर प्रदेश में की जा रही है।”उन्होंने कहा कि भाजपा की कथित “काली करतूतों” के खिलाफ मजबूरी में उन्हें काला कोट पहनकर सुप्रीम कोर्ट का दरवाज़ा खटखटाना पड़ा। तंज कसते हुए बोले- “चुनाव आयोग के दफ्तर पर भाजपा का झंडा लगा देना चाहिए।”
“नंदलाल से Form-7 पर कराए गए दस्तखत”, बहादुरी पर एक लाख का इनाम
पूर्व सीएम ने एक व्यक्ति नंदलाल को सामने लाते हुए कहा- “आज हमारे साथ नंदलाल हैं, यही वो व्यक्ति हैं जिनसे भाजपा ने Form-7 पर दस्तखत कराए थे।”उन्होंने ऐलान किया कि नंदलाल की बहादुरी और लोकतंत्र को बचाने के लिए समाजवादी पार्टी उन्हें 1 लाख रुपये की सहायता दे रही है। इसके साथ ही यह भी कहा कि नंदलाल अपने घर पर मंदिर का निर्माण कर रहे हैं, और सपा उनके मंदिर निर्माण में भी सहयोग करेगी।
Form-7 रद्द करने की मांग, सिर्फ Form-6 लागू हो
उन्होंने चुनाव आयोग से साफ़ शब्दों कहा “हमारी मांग है कि चुनाव आयोग Form-7 भरवाना तुरंत बंद करे।”उन्होंने कहा कि Form-7 का दुरुपयोग लोकतंत्र पर सीधा हमला है, इसलिए केवल Form-6 (नए मतदाता जोड़ने और सुधार की प्रक्रिया) ही लागू की जाए। बोले- प्रदेश में कई बीएलओ (Booth Level Officers) सामने आकर बता रहे हैं कि उन पर दबाव बनाया जा रहा है। हालांकि, उन्होंने भरोसा जताया“बीएलओ अपनी नौकरी बचाने के लिए लोकतंत्र को खत्म नहीं होने देंगे।”
“डिजिटल इंडिया सिर्फ बातें, बजट 5% पूंजीपतियों के लिए”

सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार के बजट और नीतियों पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा कि “डिजिटल इंडिया और विकसित भारत सिर्फ नारे हैं। बजट पूरे देश के लिए नहीं, बल्कि सिर्फ 5 प्रतिशत मल्टीनेशनल कंपनियों और बड़े पूंजीपतियों के लिए बनाया जा रहा है।”उन्होंने अमेरिका और यूरोप के साथ हो रहे समझौतों को डील नहीं, बल्कि देश का बाज़ार सौंपने की साजिश करार दिया।
“गरीब शादी भी नहीं कर पा रहा”
सपा अध्यक्ष ने कहा कि “आज हालात ऐसे हैं कि गरीब परिवार शादी तक नहीं कर पा रहे। सोना और रोज़मर्रा की हर चीज़ महंगी हो चुकी है।”उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार को न गरीब की चिंता है, न किसान की और न ही मरीज की। जेल से अपराधियों का भागना और कोडीन सिरप जैसे नशे का खुलेआम कारोबार सरकारी संरक्षण का नतीजा बताया।
“सिस्टम खत्म करेंगे तो लोकतंत्र भी खत्म होगा”
अपने बयान के अंत में अखिलेश यादव ने कहा कि “आप सिस्टम को खत्म कर रहे हैं, इसका मतलब आप लोकतंत्र को खत्म कर रहे हैं। भाजपा की हर काली करतूत सामने आ रही है।”उन्होंने कहा कि समाजवादी पार्टी के विधायक पूरी तैयारी के साथ सरकार को सदन में घेरेंगे और भ्रष्टाचार, महंगाई,किसान, नौजवान, महिलाओं की सुरक्षा और बढ़ते अपराध जैसे मुद्दों को प्रमुखता से उठाएंगे। इस दौरान प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल, पूर्व कैबिनेट मंत्री शिवपाल सिंह यादव, पूर्व मंत्री राजेंद्र सिंह चौधरी, नेता प्रतिपक्ष माता प्रसाद पांडे समेत तमाम प्रमुख विधायक और नेता मौजूद थे।
