लखनऊ : यूपी में समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और एमएलसी राजेंद्र चौधरी की तबियत बिगड़ने के बाद सपाई चिंतित हैं। उन्हें इलाज के लिए लखनऊ के सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है। मंगलवार को सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अस्पताल जाकर उनका हाल जाना और मीडिया से बातचीत में बताया कि राजेंद्र चौधरी बहुत जल्द स्वस्थ हो जाएंगे। इस दौरान पार्टी के कई नेता भी मौजूद रहे।
जानें कौन हैं राजेंद्र चौधरी?
राजेंद्र चौधरी समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता, मुख्य प्रवक्ता और अखिलेश यादव के बेहद करीबी सहयोगी हैं। वह 2021 से उत्तर प्रदेश विधान परिषद के सदस्य हैं और उत्तराखंड में भी पार्टी के राज्य प्रभारी का दायित्व निभा रहे हैं। उनकी राजनीतिक यात्रा 1978 से शुरू हुई जब वे भारतीय क्रांति दल से विधानसभा सदस्य बने। 1992 में वे यूपी एग्रो के अध्यक्ष रहे। मुलायम सिंह यादव की सरकार में 2002 में विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्री बने और 2013 में अखिलेश यादव के मंत्रिमंडल में कैबिनेट मंत्री नियुक्त किए गए। जेल मंत्रालय और खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग का कार्यभार भी संभाला। उनकी पार्टी से निष्ठा और प्रशासनिक अनुभव उन्हें सपा का मजबूत स्तंभ बनाते हैं।
अस्पताल में अखिलेश यादव की मुलाकात
अखिलेश यादव मंगलवार को सिविल अस्पताल पहुंचे और राजेंद्र चौधरी से मुलाकात की। उन्होंने फोटो साझा करते हुए लिखा – “राजेंद्र चौधरी के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की कामना के साथ कुशलक्षेम भेंट।”अखिलेश यादव ने मीडिया से कहा- “राजेंद्र जी की तबियत पहले से बेहतर है, वे जल्द स्वस्थ हो जाएंगे।”इस दौरान पार्टी के अन्य नेता भी उनके साथ मौजूद थे। अस्पताल में राजेंद्र चौधरी बेड पर बैठे नजर आए और परिजनों तथा नेताओं ने उनका हाल जाना।
सपा में योगदान और निष्ठा
राजेंद्र चौधरी का समाजवादी पार्टी से लंबे समय का जुड़ाव है। उन्होंने पार्टी के संरक्षक मुलायम सिंह यादव और अध्यक्ष अखिलेश यादव दोनों के साथ काम किया। संगठन में उनकी भूमिका न केवल वक्ता की है बल्कि रणनीतिक नेतृत्व में भी उनका योगदान है। उत्तर प्रदेश के राजनीतिक परिदृश्य में वे पार्टी की विचारधारा और संगठनात्मक मजबूती का अहम चेहरा माने जाते हैं।
