बरेली : कुतुब-ए-बरेली हजरत शाह दानावली का 7 रोजा उर्स मुबारक 13 सितंबर से शुरू होगा। आयोजकों के मुताबिक उर्स का आगाज रविवार, 13 सितंबर को परचम कुशाई की रस्म के साथ किया जाएगा। उर्स के दौरान दीनी कार्यक्रम आयोजित होंगे, जबकि कुल शरीफ की रस्म 17 सितंबर को बाद नमाज-ए-अस्र अदा की जाएगी।
अहसन मियां की कयादत में निकलेगा परचमी जुलूस
उर्स के आगाज के मौके पर 13 सितंबर को बाद नमाज-ए-अस्र पारंपरिक परचमी जुलूस निकाला जाएगा। आयोजकों के अनुसार जुलूस मलूकपुर लाल मस्जिद के पास हाजी अजहर बेग के निवास से शुरू होकर अपने पारंपरिक रास्तों से दरगाह शाह दानावली पहुंचेगा। जुलूस की कयादत दरगाह आला हजरत के सज्जादानशीन मुफ्ती अहसन रजा कादरी (अहसन मियां) करेंगे। इसके बाद बाद नमाज-ए-मगरिब दरगाह शाह दानावली के मुतवल्ली अब्दुल वाजिद खान नूरी के साथ परचम कुशाई की रस्म अदा की जाएगी।
डीजे पर रोक, सादगी से शामिल होने की अपील
जुलूस आयोजकों ने इसमें शामिल होने वाली अंजुमनों के लिए विशेष निर्देश जारी किए हैं। किसी भी अंजुमन को डीजे लेकर नहीं आने की हिदायत दी गई है। अंजुमनों से एक या दो सुराही के साथ सादगी से जुलूस में शामिल होने की अपील की गई है।आयोजकों ने जुलूस के दौरान नात-ओ-मनकबत और दुरूद शरीफ पढ़ते हुए चलने की अपील की है। साथ ही सभी लोगों से परचम कुशाई के जुलूस में शामिल होकर उर्स में शिरकत करने का आग्रह किया गया है।
17 सितंबर को होगा कुल शरीफ
उर्स के कार्यक्रमों के क्रम में 17 सितंबर को बाद नमाज-ए-अस्र कुल शरीफ की रस्म अदा की जाएगी। आयोजकों ने उर्स में आने वाले जायरीन और अकीदतमंदों से कार्यक्रमों में शिरकत करने की अपील की है। इस जुलूस के आयोजक हाजी अजहर बेग और मुजाहिद रजा आदि मौजूद थे।
