नई दिल्ली/लखनऊ : हज 2026 को लेकर सऊदी अरब सरकार और हज कमेटी ऑफ इंडिया ने एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया है। अब 12 साल से कम उम्र के बच्चे हज यात्रा पर नहीं जा सकेंगे। इसके साथ ही गंभीर बीमारियों से पीड़ित लोगों को भी इस बार हज यात्रा से वंचित रखा जाएगा। हज कमेटी ऑफ इंडिया द्वारा जारी हज 2026 पॉलिसी के अनुसार, शून्य से 12 वर्ष तक के बच्चों के आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे। केवल वही बच्चे माता-पिता के साथ हज पर जा सकेंगे, जिनकी उम्र 12 साल से अधिक हो चुकी है।
माता-पिता की अनुमति अनिवार्य, 31 जुलाई तक आवेदन
18 वर्ष से कम उम्र के किसी भी आवेदक को अकेले हज पर जाने के लिए अपने माता-पिता या कानूनी अभिभावक की अनुमति अनिवार्य होगी। 31 जुलाई, 2025 तक ऑनलाइन आवेदन किया जा सकता है। हज कमेटी के सचिव एसपी तिवारी ने मीडिया को बताया कि हज कमेटी के माध्यम से जिंदगी में एक बार ही हज यात्रा की अनुमति का नियम इस बार भी लागू रहेगा। 65 वर्ष से अधिक आयु के बुजुर्ग, केवल सहयोगी या मेहरम श्रेणी में शामिल होकर ही दोबारा हज पर जा सकेंगे।
इन लोगों पर पाबंदी
12 वर्ष से कम उम्र के बच्चे, कैंसर, टीबी, किडनी, श्वसन आदि गंभीर बीमारियों से ग्रस्त व्यक्ति, ऐसे व्यक्ति जिनके खिलाफ विदेश यात्रा पर रोक लगाने वाला कोई कोर्ट ऑर्डर मौजूद है। यह कदम यात्रियों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है।
