सपा प्रमुख ने संविधान-आरक्षण और लोकतंत्र का उठाया मुद्दा,हर विधानसभा में 27 हजार वोट बढ़ाने का कार्यकर्ताओं को दिया लक्ष्य
रायबरेली/लखनऊ: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने गुरुवार को रायबरेली से PDA रथ यात्रा की शुरुआत की।लखनऊ से रायबरेली तक पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने जगह-जगह उनका स्वागत किया। इसके बाद राजकीय इंटर कॉलेज मैदान में आयोजित जनसभा में अखिलेश यादव ने केंद्र और प्रदेश की भाजपा सरकार, प्रशासन और चुनाव आयोग को लेकर कई आरोप लगाए। PDA रथ यात्रा को 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले सपा के जनसंपर्क अभियान के रूप में किया गया। जिसके चलते हाईवे से लेकर सड़कें तक वाहनों से जाम हो गई। अखिलेश यादव ने जनसभा में कहा कि बड़ी संख्या में लोगों ने बारिश और मौसम की परवाह किए बिना कार्यक्रम में हिस्सा लिया। उन्होंने समर्थकों और कार्यकर्ताओं का आभार जताते हुए कहा कि “PDA की हवा” पूरे प्रदेश में चल रही है।
रायबरेली में PDA बनाम भाजपा का मुकाबला
रायबरेली को लेकर उन्होंने कहा कि यहां मुकाबला PDA बनाम भाजपा का है और उन्होंने “लोधी बनाम योगी” का भी जिक्र किया।सपा अध्यक्ष ने भाजपा पर “नकारात्मक राजनीति” करने और प्रशासन को आगे करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि PDA आंदोलन में पीड़ित, दुखी और अपमानित लोग एकजुट हो रहे हैं। उन्होंने PDA को संविधान, आरक्षण और लोकतंत्र की रक्षा से जोड़ते हुए पार्टी कार्यकर्ताओं से संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया।अखिलेश यादव ने 2024 के लोकसभा चुनाव का जिक्र करते हुए कहा कि उनकी पार्टी ने भाजपा को हराया और 2027 में भाजपा का सफाया करने का दावा किया। उन्होंने कार्यकर्ताओं से प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में 27 हजार वोट बढ़ाने का लक्ष्य रखने को कहा। यह उनके राजनीतिक भाषण का दावा है, न कि कोई स्वतंत्र चुनावी आकलन। उन्होंने बुलडोजर कार्रवाई को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा और आरोप लगाया कि प्रभावशाली लोगों के खिलाफ समान कार्रवाई नहीं होती। साथ ही बेरोजगारी, पेपर लीक, कानून-व्यवस्था, महंगाई और भ्रष्टाचार को लेकर भाजपा सरकार पर सवाल उठाए।
जनसभा में BJP और चुनाव आयोग पर बरसे
चुनाव आयोग को लेकर अखिलेश यादव ने गंभीर आरोपों का जिक्र करते हुए मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग की। उन्होंने कहा कि “जब इतना बड़ा आरोप लगा है तो चीफ इलेक्शन कमिश्नर को अपने आप इस्तीफा देकर चले जाना चाहिए।” ये आरोप और मांग अखिलेश यादव के बयान के रूप में हैं। PDA रथ के उद्देश्य को लेकर अखिलेश यादव ने कहा कि यह रथ लगातार चलता रहेगा और “जहां पीड़ा होगी वहां रथ जाएगा।” उन्होंने गठबंधन को मजबूत बताते हुए कहा कि PDA की अगली यात्रा भी जल्द होगी। रायबरेली में यात्रा शुरू होने की पुष्टि समकालीन रिपोर्टों में भी हुई है। अखिलेश यादव ने रथ को भारतीय संस्कृति, महाभारत और कुरुक्षेत्र से जोड़ते हुए भगवान श्रीकृष्ण द्वारा गीता का उपदेश दिए जाने का संदर्भ भी दिया।कार्यक्रम के बाद उन्होंने रायबरेली की जनता, पार्टी कार्यकर्ताओं, पदाधिकारियों और नेताओं के समर्थन के लिए आभार जताया। समाजवादी पार्टी के मुताबिक, यात्रा के दौरान रायबरेली में बड़ी संख्या में लोगों ने अखिलेश यादव का स्वागत किया। पार्टी ने इसे अपनी राजनीतिक ताकत और जनसमर्थन के प्रदर्शन के रूप में पेश किया है।
रिपोर्ट : मुहम्मद साजिद
