21 से 23 अगस्त तक लगेगी, सुप्रीम कोर्ट की विशेष लोक अदालत, डीएम बोले-पीएम सूर्य घर योजना के लिए ब्लॉक -तहसील स्तर पर लगेंगे कैंप
बरेली: उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा (UPTET)-2026 को देखते हुए बरेली में 4 जुलाई को प्रस्तावित सम्पूर्ण समाधान दिवस की तिथि बदल दी गई है। अब यह कार्यक्रम 6 जुलाई (सोमवार) को आयोजित किया जाएगा। वहीं दूसरी ओर डीएम अविनाश सिंह ने पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की समीक्षा करते हुए अधिकारियों और बैंकर्स को योजना में तेजी लाने के निर्देश दिए। इसके साथ ही जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने सुप्रीम कोर्ट में लंबित मामलों के निस्तारण के लिए आयोजित होने वाली विशेष लोक अदालत का लाभ उठाने की अपील की है।
UPTET के कारण बदली समाधान दिवस की तारीख
अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) एवं नोडल अधिकारी, सम्पूर्ण समाधान दिवस ने बताया कि UPTET -2026 की परीक्षा 2, 3 और 4 जुलाई को प्रस्तावित है। शासन के निर्देशों के क्रम में 4 जुलाई (शनिवार) को होने वाला सम्पूर्ण समाधान दिवस स्थगित कर दिया गया है। अब यह कार्यक्रम 6 जुलाई (सोमवार) को सभी तहसीलों में आयोजित होगा, जहां अधिकारी जनता की शिकायतें सुनकर उनके निस्तारण की कार्रवाई करेंगे।
PM सूर्य घर योजना में तेजी लाने के निर्देश
विकास भवन सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में डीएम अविनाश सिंह ने पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना की प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने बैंकर्स को निर्देश दिए कि जिन बैंकों में ऋण स्वीकृति लंबित है, वहां मामलों का जल्द निस्तारण किया जाए और कोई भी आवेदन अनावश्यक रूप से लंबित न रहे। डीएम ने निर्देश दिए कि योजना के व्यापक प्रचार -प्रसार और अधिक से अधिक लोगों के पंजीकरण के लिए तहसील और विकासखंड स्तर पर विशेष कैंप लगाए जाएं। उन्होंने बैंक अधिकारियों से कहा कि यदि किसी वेंडर का ऋण आवेदन अस्वीकृत किया जाता है तो उसका स्पष्ट कारण बताया जाए तथा आवेदकों के साथ बेहतर व्यवहार सुनिश्चित किया जाए। साथ ही पीएम सूर्य घर योजना और मुख्यमंत्री युवा योजना के ऋण आवेदनों को प्राथमिकता के आधार पर निपटाने के निर्देश भी दिए।
21 से 23 अगस्त तक लगेगी, सुप्रीम कोर्ट की विशेष लोक अदालत
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बरेली ने जानकारी दी कि सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश पर 21, 22 और 23 अगस्त 2026 को नई दिल्ली स्थित सुप्रीम कोर्ट परिसर में ‘समाधान समारोह-2026’ के तहत विशेष लोक अदालत आयोजित की जाएगी। प्राधिकरण की सचिव जया प्रियदर्शिनी ने बताया कि बरेली से सुप्रीम कोर्ट में लंबित 37 मामलों की पहचान की गई है।संबंधित पक्षकारों को नोटिस भेजे जा रहे हैं, ताकि वे आपसी सहमति से अपने मामलों का निस्तारण करा सकें। उन्होंने बताया कि इस पहल का उद्देश्य लंबित मुकदमों का बोझ कम करना और लोगों को त्वरित, सुलभ एवं सौहार्दपूर्ण न्याय उपलब्ध कराना है। पात्र पक्षकार सुप्रीम कोर्ट की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर”Samadhan Samaroh 2026″ लिंक के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन भी कर सकते हैं।
