बरेली/शाहजहांपुर : उत्तर प्रदेश सरकार की भ्रष्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलरेंस नीति के तहत गुरुवार को शाहजहांपुर में बड़ी कार्रवाई देखने को मिली। एंटी करप्शन बरेली मंडल की टीम ने थाना जैतीपुर में तैनात एक पुलिस कांस्टेबल को 35 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। आरोपी पर एक मुकदमे की विवेचना का निस्तारण कराने के नाम पर शिकायतकर्ता से रिश्वत मांगने का आरोप है। कार्रवाई के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।
मुकदमे के निस्तारण कराने के नाम पर मांगी 35 हजार की घूस
जानकारी के अनुसार गिरफ्तार आरोपी विवेक कुमार मूल रूप से बुलंदशहर जिले के शिकारपुर थाना क्षेत्र के ग्राम शिवनगर घूंसरी का रहने वाला है, और वर्तमान में थाना जैतीपुर, शाहजहांपुर में आरक्षी के पद पर तैनात था। शिकायतकर्ता सुधांशु कुमार शर्मा ने एंटी करप्शन टीम से शिकायत की थी कि उनके खिलाफ दर्ज मुकदमें की विवेचना का निस्तारण कराने के नाम पर 35 हजार रुपये की रिश्वत मांगी जा रही है। शिकायत मिलने के बाद एंटी करप्शन टीम ने मामले का सत्यापन किया और कार्रवाई की योजना बनाई।
होमगार्ड रूम में बिछाया जाल, रुपये लेते ही दबोचा आरोपी
एंटी करप्शन के ट्रैप टीम प्रभारी निरीक्षक प्रवीण सान्याल के नेतृत्व में गठित टीम ने गुरुवार को थाना जैतीपुर परिसर स्थित होमगार्ड रूम में जाल बिछाया। दोपहर 12:57 बजे जैसे ही आरोपी कांस्टेबल ने शिकायतकर्ता से 35 हजार रुपये की रिश्वत ली, टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए उसे रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। मौके से रिश्वत की पूरी रकम बरामद कर ली गई। इस कार्रवाई के दौरान एंटी करप्शन टीम के अन्य सदस्य भी मौजूद रहे।
भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम में मुकदमा दर्ज, लोगों से शिकायत करने की अपील
गिरफ्तारी के बाद आरोपी के खिलाफ थाना गढ़िया रंगीन, शाहजहांपुर में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कराने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। एंटी करप्शन के अधिकारियों ने कहा कि प्रदेश सरकार भ्रष्टाचार के मामलों को लेकर पूरी तरह सख्त है और ऐसे मामलों में लगातार कार्रवाई की जा रही है। संगठन ने आम लोगों से भी अपील की है कि यदि कोई सरकारी कर्मचारी या अधिकारी रिश्वत की मांग करता है तो उसकी शिकायत तुरंत भ्रष्टाचार निवारण संगठन से करें, ताकि दोषियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सके।
