बरेली : हाईकोर्ट के आदेश के बाद नगर निगम का अतिक्रमण हटाओ अभियान बरेली में लगातार जारी है। बुधवार को जहां फुटपाथों को पूरी तरह कब्जामुक्त कराया गया था, वहीं गुरुवार को फिर वही पुराना नज़ारा देखने को मिला, शहर के बटलर प्लाज़ा के बाहर चर्च के सामने दुकानदारों ने दोबारा ठेले-खोमचे सजा लिए, जैसे ही निगम टीम मौके पर पहुँची, इलाके में अफरा-तफरी मच गई। कुछ ठेलेवाले जल्दी-जल्दी अपना ठेला खींचकर ले भागे, जबकि कई लोग अपना सामान वहीं छोड़कर फरार हो गए।
निगम ने ठेले जब्त किए, दी सख्त चेतावनी
नगर निगम टीम ने मौके पर मौजूद सभी ठेले, खोमचे और सामान जब्त कर ट्रक में लाद दिए। अधिकारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि अब दोबारा कब्जा करने वालों को सीधे जब्ती और ट्रेड लाइसेंस रद्द करने की कार्रवाई झेलनी पड़ेगी। टैक्स इंस्पेक्टर सच्चिदानंद सिंह ने कहा कि “अब नोटिस का दौर खत्म हो गया है। जो भी सड़क या फुटपाथ पर दुकान लगाएगा, उसका सामान जब्त होगा। दोबारा कब्जा करने वालों की लिस्ट तैयार की जा रही है।”
नगर आयुक्त बोले-दीपावली से पहले शहर होगा ‘कब्जामुक्त’
नगर आयुक्त संजय कुमार मौर्य ने बताया कि दीपावली से पहले शहर की न केवल सफाई अभियान पर फोकस है, बल्कि संपूर्ण शहर को अतिक्रमण मुक्त कराने की कार्रवाई भी तेज़ कर दी गई है। उन्होंने कहा “सितंबर महीने में तीन लाख से अधिक जुर्माना वसूला गया, जबकि 10 अक्टूबर तक 55 हजार का चालान किया जा चुका है। अब फुटपाथों पर दुकानें लगाना ‘समस्या’ नहीं बल्कि ‘अपराध’ माना जाएगा।”
दुकानदारों में आक्रोश,त्योहार से पहले उजड़ी रोज़ी-रोटी
इस कार्रवाई से फुटपाथ दुकानदारों में गहरा रोष है। कई का कहना है कि वे वर्षों से यहीं दुकानदारी कर रहे हैं, लेकिन निगम बिना वैकल्पिक व्यवस्था किए उनकी रोज़गार छीन रहा है। एक दुकानदार ने कहा “त्योहार से पहले दुकानें हटाई जा रही हैं। परिवार कैसे चलाएं? हमने किराया और टैक्स सब भरा है, फिर भी कार्रवाई हो रही है।”निगम प्रशासन ने दोबारा कब्जा करने वालों की पहचान शुरू कर दी है। ऐसे दुकानदारों को अब ‘पुनरावृत्ति अतिक्रमणकारी’ (Repeat Encroacher) की श्रेणी में डालकर कठोर कार्रवाई की जाएगी।
शहर के अन्य हिस्सों में भी जल्द कार्रवाई
सूत्रों के मुताबिक, अगला अतिक्रमण हटाओ अभियान सिविल लाइंस, कुतुबखाना और डेलापीर रोड पर चलाया जाएगा। नगर निगम की टीमें पहले से ही सर्वे रिपोर्ट तैयार कर रही हैं ताकि कहीं भी दोबारा कब्जा न हो सके। नगर निगम की अपील कि “शहर की सुंदरता और यातायात व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।
फुटपाथ जनता के लिए हैं, दुकान लगाने के लिए नहीं।”
