बरेली : नए साल के जश्न से ठीक पहले बरेली पुलिस पूरी तरह एक्शन मोड में नजर आई। कानून-व्यवस्था को मजबूत करने और असामाजिक तत्वों को सख्त संदेश देने के लिए पुलिस के आला अधिकारी खुद सड़कों पर उतरे। भारी पुलिस बल, डॉग स्क्वॉड और हथियारबंद जवानों के साथ शहर में फ्लैग मार्च किया गया, जिससे पूरे शहर में पुलिस की सख्त मौजूदगी साफ दिखाई दी।फ्लैग मार्च की शुरुआत चौकी चौराहे से हुई, जो कचहरी होते हुए बरेली जंक्शन तक पहुंचा। मार्च के दौरान पुलिस ने साफ कर दिया कि इस बार हुड़दंग, स्टंटबाजी और शराबखोरी करने वालों के लिए न्यू ईयर पार्टी नहीं, बल्कि थाने की हवालात तैयार है। डॉग स्क्वॉड और सघन निगरानी के बीच पुलिस का यह मार्च आम जनता में सुरक्षा का भरोसा और अराजक तत्वों में डर पैदा करता दिखा।
डॉग स्क्वॉड और हथियारबंद फोर्स के साथ फ्लैग मार्च, शहर में कड़ा पहरा

मार्च के दौरान अधिकारियों ने ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों को दो टूक निर्देश दिए कि कानून तोड़ने वालों के साथ किसी भी तरह की नरमी नहीं बरती जाए। शराब पीकर वाहन चलाने, तेज रफ्तार, स्टंटबाजी,झगड़ा और सार्वजनिक शांति भंग करने वालों पर तत्काल कार्रवाई के आदेश दिए गए। इस मौके पर एसपी साउथ अंशिका वर्मा, एसपी ट्रैफिक मोहम्मद अकमल खान, एसपी नॉर्थ मुकेश चंद्र मिश्रा, एएसपी सोनाली मिश्रा समेत कई सीओ और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे, जिससे साफ हो गया कि पूरा पुलिस महकमा एकजुट होकर मैदान में है।
स्टंटबाजी-शराबखोरी पर नो एंट्री
एडीजी रमित शर्मा ने बताया कि 31 दिसंबर और 1 जनवरी को होटल, रेस्टोरेंट, भीड़भाड़ वाले इलाकों और सार्वजनिक स्थानों पर कड़ी निगरानी रखी जाएगी। उन्होंने कहा कि आम लोगों की सुरक्षा सर्वोपरि है और नए साल का जश्न ऐसा हो कि किसी दूसरे के जश्न में खलल न पड़े। डीआईजी अजय कुमार साहनी ने चेतावनी दी कि 31 दिसंबर की शाम से लेकर पूरी रात और नए साल के दिन तक सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया जाएगा। रैश ड्राइविंग, शराब पीकर वाहन चलाने और ट्रैफिक नियम तोड़ने वालों पर मौके पर ही सख्त कार्रवाई की जाएगी।
31 दिसंबर से 1 जनवरी तक हाई अलर्ट
एसएसपी अनुराग आर्य ने जानकारी दी कि पिकनिक स्पॉट, पार्कों और प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। सिविल ड्रेस में पुलिसकर्मी भी नजर रखेंगे, ताकि किसी भी असामाजिक गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जा सके। पुलिस का साफ संदेश है-नया साल जरूर मनाएं, लेकिन कानून के दायरे में रहकर। नियम तोड़ने वालों के लिए बरेली में कोई जगह नहीं है।
