फरमान मियां का ऐलान- गरीब मरीजों के मुफ्त ऑपरेशन भी होंगे, कक्षा 6 से 12 तक के आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों को भी मिलेगा निशुल्क शैक्षणिक सहयोग
बरेली : 6 से 8 अगस्त तक आयोजित होने वाले उर्स -ए- रज़वी के अवसर पर दरगाह आला हज़रत एवं ताजुश्शरिया की ओर से शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में बड़ी जनकल्याणकारी पहल की घोषणा की गई है। दरगाह स्थित हेड ऑफिस में फरमान मियां की सरपरस्ती में आयोजित बैठक में बताया गया कि इस वर्ष 200 आर्थिक रूप से कमजोर एवं मेधावी विद्यार्थियों को NEET और JEE की निशुल्क कोचिंग उपलब्ध कराई जाएगी। इच्छुक विद्यार्थी 7060100364 पर संपर्क कर अपना पंजीकरण करा सकते हैं।इसके साथ ही जरूरतमंद मरीजों के लिए निःशुल्क ऑपरेशन अभियान भी चलाया जाएगा।
कक्षा 6 से 12 तक के छात्रों को निशुल्क शैक्षणिक सहयोग
जमात रज़ा-ए-मुस्तफ़ा के राष्ट्रीय महासचिव एवं आला हज़रत ताजुश्शरिया सोसाइटी के संस्थापक फरमान हसन ख़ान (फरमान मियां) ने बताया कि संस्था केवल NEET और JEE की तैयारी तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि सीबीएसई, यूपी बोर्ड और आईसीएसई के कक्षा 6 से 12 तक के आर्थिक रूप से में कमजोर विद्यार्थियों को भी निशुल्क शैक्षणिक सहायता प्रदान करेगी, ताकि आर्थिक तंगी किसी भी प्रतिभाशाली छात्र की पढ़ाई में बाधा न बने।
पहले भी कई छात्रों को मिला सफलता का मंच
बैठक में सैयद जसीम ने बताया कि संस्था पिछले कई वर्षों से गरीब और मेधावी विद्यार्थियों को शैक्षणिक सहायता उपलब्ध करा रही है। संस्था की कोचिंग और मार्गदर्शन से अनेक छात्र-छात्राएं NEET, इंजीनियरिंग और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में सफल हुए हैं। बड़ी संख्या में विद्यार्थी सरकारी मेडिकल कॉलेजों में एमबीबीएस के लिए चयनित हुए और आज डॉक्टर बनकर समाज की सेवा कर रहे हैं।
‘इल्म की रोशनी फैलाना ही हमारा मिशन’
फरमान मियां ने कहा कि बरेली की पहचान केवल एक धार्मिक नगरी के रूप में नहीं, बल्कि इल्म की राजधानी के रूप में भी रही है। आला हज़रत इमाम अहमद रज़ा ख़ान, मुफ़्ती -ए- आज़म -ए- हिन्द और ताजुश्शरिया की ज्ञान परंपरा को आगे बढ़ाना संस्था का उद्देश्य है। उन्होंने कहा कि संस्था चाहती है कि बच्चे धार्मिक शिक्षा के साथ-साथ डॉक्टर, इंजीनियर, वैज्ञानिक और प्रशासनिक अधिकारी बनकर देश और समाज की सेवा करें।
जरूरतमंद मरीजों के होंगे मुफ्त ऑपरेशन
जमात के पूर्व प्रवक्ता समरान खान ने बताया कि उर्स-ए-रज़वी के दौरान गरीब एवं जरूरतमंद मरीजों के लिए निःशुल्क ऑपरेशन अभियान भी चलाया जाएगा। इसके तहत मोतियाबिंद, पित्त की पथरी, हर्निया और महिलाओं से संबंधित विभिन्न बीमारियों के ऑपरेशन बरेली के निजी अस्पतालों में कराए जाएंगे। इच्छुक मरीज दरगाह ताजुश्शरिया स्थित जमात के मुख्य कार्यालय अथवा किला स्थित कार्यालय में संपर्क कर पंजीकरण करा सकते हैं।
बैठक में रहे मौजूद
बैठक में सैयद जसीम, अब्दुल्ला रज़ा, शमीम अहमद, मेहंदी हसन, मोईन ख़ान, हाफिज अकरम, मौलाना शम्स, मौलाना इंतज़ार, समरान खान, मौलाना आरिफ, हाफिज तौसीफ़, जफर बेग, सूफी अबरार नूरी, मोहम्मद जुनैद रज़ा, जुल्फिकार अहमद, मोईद ख़ान, शैबुद्दीन रज़वी, डॉ. ख़तीर, मुस्तफा नवाज़, साकिब अली, साकिब ख़ान, आतिफ ख़ान, अली रज़ा, अकीब ख़ान, फ़ैज़ान अली, अमन रज़ा सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में दरगाह आला हज़रत की इस पहल को स्थानीय स्तर पर सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है। 200 विद्यार्थियों के लिए मुफ्त NEET-JEE कोचिंग और जरूरतमंद मरीजों के निःशुल्क ऑपरेशन की घोषणा उर्स -ए- रज़वी से पहले चर्चा का प्रमुख विषय बन गई है।
